हम सब एक हैं
तुम मुझसे और उससे
रोज मिलते हो
मैं, तुमसे और उससे
रोज मिलता हूँ
वो हम दोनों से
रोज मिलता है
तुम मेरी और उसकी
कमियां खोजते हो
मैं, तुम्हारी और उसकी
कमियां खोजता हूँ
वो हम दोनों में
कमियां खोजता है
मेरी और उसकी
उन्नति से
तुमें ईर्ष्या होती है
तुम्हारी और उसकी
उन्नति से
मुझे ईर्ष्या होती है
उसे हम दोनों की
उन्नति से ईर्ष्या होती है
तुम्हारी सोच तुम तक
सीमित है
उसकी सोच
उस तक सीमित है
तुम मेरे लिए, उसके लिए
गड्ढे खोदते हो
मैं, तुम्हारे और उसके लिए
गड्ढे खोदता हूँ
वो हम दोनों के लिए
गड्ढे खोदता है
फिर भी हम
रोज मिलते हैं
क्या नहीं है इतना काफी
बताने के लिए
कि/ हम सब एक हैं
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